✍️ सुभाष पिमोली थराली।
22 अगस्त को थराली मे आई भीषण आपदा से जहा पूरे क्षेत्र का जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया था वही मुख्य मार्ग सहित कई ग्रामीण सड़क अवरोध हो गई थी और क्षेत्र में भारी जान माल का भारी नुकसान हुआ वहीं अब स्थिति सामान्य होती आ रही है रविवार को बाद डेढ़ माह बाद थराली-कुराड़ -पार्था मोटरमार्ग वाहनों के लिए खोल दिया गया है, लोक निर्माण विभाग ने विभिन्न स्थानों पर आए मलबे को साफ करने के बाद सड़क पर वाहनों की आवाजाही शुरू करवा दी हैं जिससे क्षेत्र की साढे चार हजार की आबादी मैं राहत की सांस ली।
22 अगस्त की रात्रि को अतिवृष्टि से थराली -कुराड़ पार्था- मोटर सड़क कई स्थानों पर क्षतिग्रस्त हो गई थी, जिससे ऊंग, खडगोला, सगवाड़ा, ढुंगाखोली, कुराड़ और पार्था गांव की साढ़े चार हजार जनसंख्या का आवगमन पूर्ण रूप से बंद हो गया था, हालांकि एक माह बाद लोनिवि थराली ने पार्था व कुराड़ लेटाल गांवों के लिए जूनीधार-गोठिंडा मार्ग को खोल कर वैकल्पिक व्यवस्था शुरू कर दी थी, लेकिन ग्रामीणों को 25 किलोमीटर की अतिरिक्त दूरी तय कर कुराड़ पहुंचना पड़ रहा था।
ग्रामीण लगातार थराली-कुराड़ -पार्था मोटरमार्ग खोलने की मांग कर रहे थे, लोनिवि ने सड़क खोलने के लिए इस मोटर सड़क पर दो पोकलेंड तथा दो जेसीबी मशीने लगाई थी, जिसके बाद से मशीने लगातार सड़क खोलने का प्रयास कर रही थी,वहीं अभी भी किलोमीटर 9 में सड़क लगातार धंस रही है और आवागमन जोखिमपूर्ण बना हुआ है।
ग्राम प्रधान कूनी पार्था मीना देवी का कहना है कि सड़क खुलने से ग्रामीणों की समस्या कम हो गई है, लोनिवि के सहायक अभियंता जगदीश कुमार टम्टा ने बताया कि थराली-कुराड़ -पार्था मोटरमार्ग हल्के वाहनों की आवाजाही के लिए खोल दी गई है,अभी भी कई स्थानों पर सड़क का मलबा हटाना बाकी है, जिसे जल्द साफ कर दिया जाएगा।




