✍️ उत्तम सिंह,ऋषिकेश:
कोर्ट का आदेश हवा में और प्रशासन के कानों पर जूं तक नहीं रेंग रही! एम्स ऋषिकेश से निकाले गए संविदा कर्मचारी लगातार 24 दिनों से धरने पर बैठे हैं, लेकिन संस्थान अब तक बहाली का आदेश जारी करने को तैयार नहीं है।

शुक्रवार को कर्मचारियों ने जब कोर्ट आदेश दिखाकर अपनी बात रखने के लिए प्रशासन से मुलाकात करनी चाही, तो उन्हें गेट पर ही रोक दिया गया। इतना ही नहीं, सिक्योरिटी गार्ड्स ने कर्मचारियों से अभद्र भाषा का प्रयोग किया। कर्मचारियों का सवाल है जब रोकने का कोई लिखित आदेश नहीं था, तो आखिर गार्ड्स किसके इशारे पर मनमानी कर रहे थे?
धरने पर बैठे कर्मचारी साफ कह रहे हैं कि एम्स प्रशासन कोर्ट की अवमानना कर रहा है और यह लोकतांत्रिक मूल्यों पर सीधा प्रहार है। आंदोलनकारियों में अनुराग पंत, सुभाष रतूड़ी, अश्विनी कुमार, नरेन्द्र भंडारी और काकुल बेलवाल ने चेतावनी दी कि यदि प्रशासन ने बहाली में देरी की तो आंदोलन और उग्र होगा।




