✍️ मनमोहन भट्ट, उत्तरकाशी।
सर्वोच्च न्यायालय द्वारा सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट रूल्स के प्रभावी व समयबद्ध क्रियान्वयन के संबंध में जारी दिशा-निर्देशों के अनुपालन में बुधवार को कलेक्ट्रेट कार्यालय उत्तरकाशी में जिलाधिकारी प्रशांत आर्य की अध्यक्षता में समीक्षा बैठक आयोजित हुई।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि कचरा प्रबंधन राष्ट्रीय प्राथमिकता है और इसमें किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। बैठक में सख्त निर्देश दिए कि खुले में कूड़ा जलाने वालों के खिलाफ संबंधित अधिकारी द्वारा मानकों के अनुसार 5 हजार से लेकर 25 हजार रुपए तक का जुर्माना लगाया जाए और उनके विरुद्ध नियमानुसार विधिक कार्रवाई अमल में लाई जाए।
बैठक में जिलाधिकारी ने सभी निकायों और पंचायतों को ‘सोर्स सेग्रीगेशन’ सुनिश्चित करने और पर्यावरण संरक्षण अधिनियम शक्तियों का प्रयोग करने के निर्देश दिए। इसके साथ ही बल्क वेस्ट जनरेटर्स का पंजीकरण, मैटेरियल रिकवरी फैसिलिटी और पुराने कचरे के त्वरित निस्तारण हेतु लक्ष्य तय करके कार्यवाही करने के निर्देश दिये।
जिलाधिकारी ने कूड़ा निस्तारण के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले स्थानीय निकायों व पंचायतों को प्रोत्साहित एवं सम्मानित करने तथा निर्धारित लक्ष्यों और अपेक्षाओं के अनुरूप कार्य न करने वाले निकायों व पंचायतों पर कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश दिये ।
कूड़ा प्रबंधन और स्वच्छता व्यवस्था को धरातल पर उतारने के लिए डीपीआरओ, जिला पंचायत तथा बीडीओ की सीधी जवाबदेही तय करने के निर्देश दिये तथा कहा कि सार्वजनिक स्थानों, पर्यटन व तीर्थस्थलों में सफाई व्यवस्था की नियमित फोटोग्राफी कर रिपोर्ट आधिकारिक पोर्टल पर अपलोड की जाए।
बैठक में सीडीओ जय भारत सिंह वीसी से एवं एडीएम मुक्ता मिश्र, डीपीआरओ प्रताप पंवार, स्वजल से प्रताप मतूडा व लोकेंद्र बिष्ट उपस्थित रहे तथा समस्त बीडीओ एवं अन्य संबंधित अधिकारी वीसी के माध्यम से जुड़े।




