श्रीनगर को मिलेगी नई पहचान: प्रेशर हॉर्न फ्री जोन और गोला बाजार सौंदर्यीकरण की पहल तेज
श्रीनगर गढ़वाल। नगर निगम श्रीनगर शहर को शांत, सुव्यवस्थित और आधुनिक स्वरूप देने की दिशा में तेजी से काम कर रहा है। महापौर आरती भंडारी की पहल पर श्रीनगर को “प्रेशर हॉर्न फ्री जोन” बनाने और ऐतिहासिक गोला बाजार के सौंदर्यीकरण की कवायद तेज हो गई है।
महापौर ने इस संबंध में सर्वेश पंवार से मुलाकात कर सहयोग का पत्र सौंपा। एसएसपी ने नगर निगम की पहल की सराहना करते हुए आश्वासन दिया कि पुलिस, परिवहन विभाग और नगर निगम की संयुक्त बैठक जल्द आयोजित कर योजना को प्रभावी ढंग से लागू करने की रणनीति तैयार की जाएगी।
महापौर आरती भंडारी ने बताया कि श्रीनगर शिक्षा का प्रमुख केंद्र है, जहां हेमवती नंदन बहुगुणा गढ़वाल विश्वविद्यालय, एनआईटी उत्तराखंड, मेडिकल कॉलेज, आईटीआई सहित कई शिक्षण संस्थानों में हजारों छात्र-छात्राएं अध्ययनरत हैं। ऐसे में प्रेशर हॉर्न से होने वाला ध्वनि प्रदूषण विद्यार्थियों, मरीजों, वरिष्ठ नागरिकों और बच्चों के लिए बड़ी परेशानी बनता जा रहा है।
नगर निगम ने पहले चरण में पंचपीपल से स्वीत पुल तक के क्षेत्र को प्रेशर हॉर्न फ्री जोन घोषित करने का प्रस्ताव रखा है। इसके तहत प्रेशर हॉर्न पर रोक, अनावश्यक हॉर्न बजाने वालों के खिलाफ कार्रवाई और व्यापक जनजागरूकता अभियान चलाया जाएगा। योजना के सफल होने पर श्रीनगर उत्तराखंड के शांत और अनुशासित शहरों में अपनी अलग पहचान बना सकता है।
इसी क्रम में महापौर ने पौड़ी में आनंद स्वरूप से मुलाकात कर शहर की विभिन्न समस्याओं पर चर्चा की और गोला बाजार के सौंदर्यीकरण के लिए धनराशि उपलब्ध कराने की मांग रखी।
महापौर ने बताया कि गोला बाजार श्रीनगर का सबसे पुराना और व्यस्त व्यापारिक क्षेत्र है, जहां बरसात के दौरान जलभराव की समस्या गंभीर रूप ले लेती है। वहीं गोला पार्क शहर की सामाजिक और सांस्कृतिक गतिविधियों का प्रमुख केंद्र माना जाता है।
गोला बाजार के सौंदर्यीकरण के लिए 148.57 लाख रुपये की डीपीआर तैयार की जा चुकी है, लेकिन धनराशि के अभाव में कार्य शुरू नहीं हो पाया है। आयुक्त आनंद स्वरूप ने सभी संबंधित विभागों की बैठक बुलाकर मामले की समीक्षा करने और समाधान निकालने का भरोसा दिया।
महापौर आरती भंडारी की इन पहलों को श्रीनगर के विकास की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। प्रेशर हॉर्न फ्री जोन और गोला बाजार सौंदर्यीकरण योजनाओं के क्रियान्वयन से शहर न केवल अधिक शांत और सुंदर बनेगा, बल्कि पर्यटन, व्यापार और नागरिक सुविधाओं को भी नई गति मिलेगी।
इस अवसर पर पार्षद दिनेश पटवाल, रमेश रमोला, आशीष नेगी और राजकुमार भी उपस्थित रहे।




