श्रमिक आंदोलन की आड़ में उपद्रव, 10 आरोपी गिरफ्तार
डिक्सन फैक्ट्री हिंसा के बाद पुलिस का बड़ा एक्शन, ऑपरेशन ‘प्रहार’ के तहत कार्रवाई
देहरादून के सेलाकुई औद्योगिक क्षेत्र में डिक्सन फैक्ट्री में चल रहे श्रमिक आंदोलन के दौरान हुई पत्थरबाजी और उपद्रव के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 10 लोगों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, श्रमिकों की मांगों को लेकर हो रहे प्रदर्शन की आड़ में कुछ उपद्रवी तत्वों ने फैक्ट्री परिसर और पुलिस बल पर पत्थरबाजी की थी, जिसके बाद थाना सेलाकुई में मुकदमा दर्ज किया गया था।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक देहरादून के निर्देश पर पुलिस अधीक्षक ग्रामीण और क्षेत्राधिकारी सहसपुर के नेतृत्व में थाना सेलाकुई व कोतवाली सहसपुर की संयुक्त टीम गठित की गई। पुलिस को सूचना मिली थी कि कुछ लोग संगठित होकर कंपनियों और मोहल्लों में जाकर श्रमिकों को भड़का रहे हैं तथा काम पर जाने वाले कर्मचारियों के साथ जबरदस्ती और मारपीट करने का प्रयास कर रहे हैं।
पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तार किए गए कुछ आरोपी पूर्व में हुई पत्थरबाजी की घटना में भी शामिल थे। कानून व्यवस्था बिगड़ने और किसी संज्ञेय अपराध की आशंका को देखते हुए सभी आरोपियों को ऑपरेशन “प्रहार” के तहत धारा 170 बीएनएसएस में गिरफ्तार किया गया। पुलिस का कहना है कि यदि समय रहते कार्रवाई नहीं की जाती तो दोबारा हिंसा और उपद्रव की संभावना बनी हुई थी।
गिरफ्तार आरोपियों को नियमानुसार परगना मजिस्ट्रेट विकासनगर के समक्ष पेश किया जाएगा।
गिरफ्तार आरोपी
रिजवान पुत्र रफत अली, निवासी लखीमपुर खीरी
विकास पुत्र लक्ष्मी चंद, निवासी पीलीभीत
रोहित पुत्र विष्णु दत्त, निवासी हरिद्वार
कैफ पुत्र फुरकान, निवासी लखीमपुर खीरी
फरदीन पुत्र फहीम, निवासी पीलीभीत
समीर पुत्र सिराज, निवासी पीलीभीत
अभिषेक गुप्ता पुत्र दीपू गुप्ता, निवासी लखीमपुर खीरी
मोहम्मद कैफ पुत्र अकील, हाल निवासी सेलाकुई
सुजान पुत्र मोहम्मद उमर, निवासी सितारगंज
हाशिम पुत्र यासीन, निवासी पीलीभीत
कार्रवाई करने वाली टीम
संयुक्त पुलिस टीम में थाना सेलाकुई, कोतवाली सहसपुर एवं स्थानीय अभिसूचना इकाई शामिल रही।




