बागेश्वर में सनसनीखेज हत्याकांड का खुलासा! 18 दिन तक लापता रहे पूर्व सभासद धीरेंद्र परिहार की हत्या, महिला और उसका भाई गिरफ्तार
बागेश्वर। उत्तराखंड के बागेश्वर में पूर्व नगरपालिका सभासद धीरेंद्र परिहार उर्फ कक्कू हत्याकांड का पुलिस ने सनसनीखेज खुलासा किया है। 18 दिनों से लापता धीरेंद्र की तलाश का अंत बेहद खौफनाक रहा। पुलिस ने इस मामले में एक महिला और उसके भाई को गिरफ्तार किया है। आरोप है कि महिला ने लोहे की रॉड से सिर पर वार कर धीरेंद्र की हत्या की और फिर भाई की मदद से शव नदी में फेंक दिया।
पुलिस के मुताबिक, तल्ली बाजार बागनाथ निवासी 35 वर्षीय धीरेंद्र परिहार 17 अक्टूबर को घर से बाजार जाने की बात कहकर निकले थे, लेकिन वापस नहीं लौटे। परिजनों ने 31 अक्टूबर को उनकी गुमशुदगी दर्ज कराई थी। इसके बाद पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज और मोबाइल सर्विलांस के जरिए जांच शुरू की।
जांच के दौरान पुलिस को नुमाइशखेत निवासी लता भंडारी के मोबाइल नंबर पर संदेह हुआ। पूछताछ में पुलिस के अनुसार, महिला ने बताया कि 17 अक्टूबर की रात धीरेंद्र शराब के नशे में उसके घर पहुंचे थे। वहां दोनों के बीच विवाद हुआ। आरोप है कि धीरेंद्र द्वारा जबरदस्ती करने के प्रयास के बाद महिला ने घर में रखी लोहे की रॉड से उनके सिर पर दो वार कर दिए, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई।
इसके बाद महिला ने शव को चारपाई के नीचे छिपा दिया। अगले दिन अपने भाई त्रिभुवन सिंह बिष्ट उर्फ बबलू को घटना की जानकारी दी। दोनों ने कथित तौर पर शव को कार की पिछली सीट पर रखा और बागेश्वर-गिरेछीना मोटर मार्ग पर सुनाई बैंड के पास नदी में फेंक दिया।
पुलिस अधीक्षक जितेंद्र मेहरा के अनुसार, 3 नवंबर को दोनों आरोपियों की निशानदेही पर नदी के पास से धीरेंद्र का सड़ा-गला शव बरामद किया गया। पुलिस ने हत्या में इस्तेमाल लोहे की रॉड और वारदात में प्रयुक्त कार भी बरामद कर ली है।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान 42 वर्षीय लता भंडारी निवासी नुमाइशखेत और 39 वर्षीय त्रिभुवन सिंह बिष्ट उर्फ बबलू निवासी कठायतबाड़ा, बागेश्वर के रूप में हुई है। पुलिस ने बीएनएस की धारा 103(1), 238 और 61(2) के तहत मुकदमा दर्ज कर आगे की वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी है।
18 दिन तक जिस धीरेंद्र की तलाश में परिजन और परिचित परेशान रहे, उनकी हत्या की खबर ने पूरे बागेश्वर को झकझोर दिया है। आखिर एक विवाद का अंत इतनी खौफनाक वारदात में कैसे हुआ? फिलहाल पुलिस की जांच और कानूनी कार्रवाई जारी है।




